वेज (Wedge)
सरल शब्दों में: एक वेज कीमत है जो एक कभी-कड़े होते चैनल में दब रही है जो प्रचलित ट्रेंड के विपरीत ढलान करता है। बढ़ता वेज: कीमत उच्च उच्च और उच्च निम्न बनाती है, लेकिन सीमा संकुचित होती है — यह आमतौर पर नीचे की ओर टूटता है।
यह कैसे काम करता है
बढ़ता वेज (मंदी उलट): अपट्रेंड के दौरान बनता है। दोनों ट्रेंडलाइन ऊपर की ओर ढलान करती हैं, निचली तेज है। गिरता वेज (तेजी उलट): डाउनट्रेंड के दौरान बनता है। दोनों ट्रेंडलाइन नीचे की ओर ढलान करती हैं, ऊपरी तेज है।
यह ट्रेडरों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है
वेज उलट से पहले ट्रेंड थकान की पहचान करते हैं।
उच्च जोखिम/पुरस्कार उलट प्रविष्टियां।
Kingfisher का LiqMap वेज ब्रेकआउट के पीछे लिक्विडिटी प्रकट करता है।
सामान्य गलतियाँ
- हर संकीर्ण सीमा को वेज लेबल करना
- पूर्ववर्ती ट्रेंड संदर्भ को अनदेखा करना
- ब्रेकआउट से पहले वेज उलट में प्रवेश करना
FAQ
प्रश्न: बढ़ते वेज और बुल फ्लैग में अंतर कैसे करूं? उत्तर: बुल फ्लैग नीचे की ओर ढलान करता है और समानांतर सीमाएं हैं। बढ़ता वेज ऊपर की ओर ढलान करता है और अभिसरण सीमाएं हैं।
प्रश्न: क्या वेज किसी भी टाइमफ्रेम में बन सकते हैं? उत्तर: हाँ, लेकिन विश्वसनीयता टाइमफ्रेम के साथ बढ़ती है।

